कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन में मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सक्ती श्री वासु जैन ने जनपद पंचायत जैजैपुर ग्राम पंचायत पीसौद सी.सी. रोड निर्माण कार्य में अनियमितता पाए जाने पर ग्राम पंचायत पिसौद के सचिव निलंबित

सी.सी. रोड निर्माण कार्य में अनियमितता पाए जाने पर ग्राम पंचायत पिसौद के सचिव निलंबित सक्ती, 17 अप्रैल 2026 // कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन में मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सक्ती श्री वासु जैन ने जनपद पंचायत जैजैपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत पिसौद में जिला खनिज न्यास संस्थान मद (डीएमएफ) से स्वीकृत सीसी रोड निर्माण कार्य में अनियमितता एवं गुणवत्ताविहीन कार्य पाए जाने पर सचिव श्रीमती लीला कमलेश को निलंबित कर दिया है। जिला पंचायत सक्ती से प्राप्त जानकारी के अनुसार मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सक्ती श्री वासु जैन द्वारा 10 अप्रैल 2026 को कार्यस्थल का निरीक्षण किया गया, जिसमें निर्माण कार्य गुणवत्ताविहीन पाया गया। जांच में यह भी सामने आया कि सचिव द्वारा तकनीकी एवं प्रशासनिक स्वीकृति में दिए गए निर्देशों का उल्लंघन किया गया तथा कार्य में लापरवाही एवं मनमानी बरती गई। इस संबंध में सचिव को कारण बताओ नोटिस जारी कर 3 दिवस के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे। सचिव श्रीमती लीला कमलेश द्वारा 13 अप्रैल 2026 को प्रस्तुत जवाब में बताया गया कि निर्माण कार्य के दौरान वे नियमित रूप से स्थल का निरीक्षण करती थीं तथा कार्य को नियमानुसार कराने के निर्देश देती थीं। उन्होंने यह भी बताया कि नदी से रेत ढोने वाले ट्रैक्टरों के आवागमन से सीसी रोड क्षतिग्रस्त हो गई थी, जिसकी मरम्मत जांच दल एवं एसडीओ जैजैपुर के मार्गदर्शन में कराई गई। सचिव के अनुसार, मरम्मत कार्य पूर्ण होने के बाद उप अभियंता एवं एसडीओ द्वारा स्थल का निरीक्षण कर कार्य को सही बताया गया तथा उनके अनुशंसा के आधार पर 20 प्रतिशत राशि का भुगतान भी किया गया। हालांकि, जांच में यह पाया गया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता प्रमाण पत्र, जो कि गुण नियंत्रण उप इकाई, केंद्रीय प्रयोगशाला सक्ती द्वारा 6 नवंबर 2025 को जारी किया गया था, कूट रचित तरीके से तैयार किया गया। इसके चलते शासकीय राशि के दुरुपयोग की आशंका व्यक्त की गई तथा कार्य की गुणवत्ता निम्न स्तर की पाई गई, जिसके कारण सड़क उखड़ने एवं क्षतिग्रस्त होने की स्थिति में है। प्रस्तुत स्पष्टीकरण असंतोषजनक पाए जाने पर सचिव श्रीमती लीला कमलेश का कृत्य शासकीय कार्यों में लापरवाही, अनुशासनहीनता एवं उच्चाधिकारियों के निर्देशों की अवहेलना की श्रेणी में पाया गया, जो छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा आचरण नियम 1998 एवं सचिवों के शक्तियां एवं कर्तव्य नियम 1999 के विपरीत है। उक्त परिस्थितियों को दृष्टिगत रखते हुए, छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1999 के नियम 4 के तहत सचिव श्रीमती लीला कमलेश को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा तथा इस अवधि में उनका मुख्यालय जनपद पंचायत जैजैपुर, जिला सक्ती निर्धारित किया गया है।